क्या यूपीएससी परीक्षा में मुस्लिम उम्मीदवारों को उम्र सीमा में 3 साल ज्यादा छूट मिल रही है? पड़ताल में ये दावा फेक निकला - Sp news expr:class='data:blog.pageType'>

Sp news

Welcome my website my news websites latestnews,news,fastnews,Hindi news, newsletter,newsfeed,khabarinews,

🅰♡♣!! अपना वेबसाइट बनवाने के लिये सम्पर्क करें 6202949095 !!♣♡🅱 !!♥ धन्यवाद ♥!!

Breaking

Wednesday, 16 September 2020

क्या यूपीएससी परीक्षा में मुस्लिम उम्मीदवारों को उम्र सीमा में 3 साल ज्यादा छूट मिल रही है? पड़ताल में ये दावा फेक निकला

क्या हो रहा है वायरल : सोशल मीडिया पर एक मैसेज वायरल हो रहा है। इसमें दावा किया जा रहा है कि यूपीएससी द्वारा कराई जाने वाली आईएएस परीक्षा में मुस्लिम उम्मीदवारों को हिंदू उम्मीदवारों की तुलना में कई अतिरिक्त छूट मिलती है।

दावा है कि परीक्षा में हिंदू उम्मीदवारों की आयु सीमा जहां 32 वर्ष है। वहीं मुस्लिम उम्मीदवारों के लिए यह 35 वर्ष है। मुस्लिम उम्मीदवारों को यूपीएससी में 9 मौके मिलते हैं। जबकि हिंदू उम्मीदवार को सिर्फ 6 मौके। मौके यानी कि एक निर्धारित सीमा, जितनी बार एक कैंडिडेट यूपीएससी परीक्षा में शामिल हो सकता है। इसे आमतौर पर Attempts कहा जाता है। मैसेज के साथ सुदर्शन न्यूज के कार्यक्रम का एक स्क्रीनशॉट भी वायरल हो रहा है। यह कार्यक्रम यूट्यूब पर भी उपलब्ध है। ​​​​​​

और सच क्या है ?

  • पड़ताल की शुरुआत हमने आयु सीमा को लेकर किए जा रहे दावे से की। इसके लिए हमने यूपीएससी 2020 का ऑफिशियल नोटिफिकेशन चेक किया। नोटिफिकेशन में उम्र सीमा और उम्र सीमा में मिलने वाली छूट के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है।
  • नोटिफिकेशन के मुताबिक 21 से 32 वर्ष के कैंडिडेट्स यूपीएससी की आईएएस परीक्षा के लिए आवेदन कर सकते हैं। उम्र सीमा में छूट की बात करें तो, एससी/ एसटी कैंडिडेट्स को 5 साल, ओबीसी कैटेगरी के कैंडिडेट्स को 3 साल की छूट मिलती है। जो कैंडिडेट्स पहले से डिफेंस के क्षेत्र में कमीशंड हैं, उन्हें अलग-अलग नियमों के मुताबिक 3 या 5 साल की छूट दी जाती है। नोटिफिकेशन में कहीं भी मुस्लिम उम्मीदवारों को अलग से उम्र सीमा में छूट मिलने का जिक्र नहीं है।
  • पड़ताल के अगले चरण में हमने यूपीएससी में मुस्लिम कैंडिडेट्स को मिलने वाले अधिक मौकों वाले दावे की पड़ताल की। इसका जवाब भी हमें नोटिफिकेशन में ही मिल गया।
  • नोटिफिकेशन के मुताबिक, सामान्य श्रेणी के उम्मीदवारों के लिए 6 मौके ( Attempts) होते हैं। वहीं ओबीसी कैंडिडेट्स को 9 मौके मिलते हैं। एससी/ एसटी कैंडिडेट्स के लिए Attempts की कोई सीमा नहीं है। नोटिफिकेशन में मुस्लिम उम्मीदवारों के लिए अलग से मौकों को लेकर कोई छूट नहीं दी गई है। जैसा कि वायरल मैसेज में दावा किया जा रहा है।
  • इन सबसे स्पष्ट है कि सोशल मीडिया पर किया जा रहा मुस्लिम उम्मीदवारों को यूपीएससी परीक्षा में अतिरिक्त छूट मिलने का दावा मनगढ़ंत है। मुस्लिम छात्रों को परीक्षा में उतने ही मौके मिलते हैं, जितने किसी अन्य समुदाय के छात्रों को।


आज की ताज़ा ख़बरें पढ़ने के लिए दैनिक भास्कर ऍप डाउनलोड करें
Fact Check: Muslim candidates in UPSC getting more than 3 years relaxation in age limit? This claim was thrown out in the investigation


from Dainik Bhaskar https://ift.tt/35I86Xy

No comments:

Post a Comment

Pages